शनिवार, 17 अक्तूबर 2015

सत्य नाम साहेब



 । कज्जल छंद ।

बोल सत्य नाम साहेब । सत्य सत्य नाम साहेब
देख सत्य नाम साहेब । सत्य सत्य नाम साहेब

। दोहा ।
चलव चलव गुरू के शरण, छोड़ अपन सब एब ।
एक बार जुरमिल कहव, सत्य नाम साहेब ।।


 ।। चौपाई ।।
सत के रद्दा, अगम गहिर हे । अगम गहिर हे..
चलय डगर, जेने फकीर हे ।। जेने फकीर हे...
पटपर भुंइया, मन भरमावय । मन भरमावय साहेब मन भरमावय.
गुरू बिन कोने, पार लगावय । पार लगावय साहेब पार लगावय.

। दोहा ।
जीवन के सब भार ला, गुरू चरणे मा देब ।
हाथ जोड़ के बोलबो, सत्य नाम साहेब ।।

 ।। चौपाई ।।
तोर चरण मा, माथ नवाय हन । माथ नवाय हन.
तोर दया ले, सब सुख पाये हन । सब सुख पाये हन.
मनखे मनखे, एक बताये । एक बताये साहेब एक बताये.
रंग खून के, एक दिखाये । एक दिखाये साहेब एक दिखाये

। दोहा ।
घट घट मा भगवान हे, दरस परस कर लेब ।
कण-कण मा तैं देख ले, सत्य नाम साहेब ।।

।। चौपाई ।।
पथ भटके ला, पथ देखाये । पथ देखाये..
जीव जीव ला, एक बताये । एक बताये ...
सत के सादा, धजा बनाये । धजा बनाये साहेब धजा बनाये
जैत खाम मा, तैं फहराये ।। तैं फहराये साहेब तैं फहराये

। दोहा ।
सत्य नाम के जोत ला, अंतस मा धर लेब ।
सत्य बोल ला बोलबो, सत्य नाम साहेब ।।

-रमेश चौहान
मिश्रापारा, नवागढ
जिला-बेमेतरा
मो 9977069545