शुक्रवार, 30 अक्तूबर 2015

मानय पति ला प्राण कस....

सती व्रती के देश मा, नारी हमर महान ।
मानय पति ला प्राण कस, अपने सरबस जान ।

भादो मा तीजा रहय, कातिक करवा चौथ ।
होय निरोगी पति हमर, जीत सकय ओ मौत ।।
मया करेजा कस करय, बनय मया के खान । मानय पति ला प्राण कस....

ध्यान रखय हर बात के, अपने प्राण लगाय ।
छोटे बड़े काम मा, अपने हाथ बटाय ।
घर ला मंदिर ओ करय, गढ़े मया पकवान । मानय पति ला प्राण कस......

पढ़े लिखे के का अरथ, छोड़ दैइ संस्कार ।
रूढि़वादी सब मान के, टोर दैइ परिवार ।।
श्रद्धा अउ विश्वास ले, मिले सबो अरमान । मानय पति ला प्राण कस....